हिन्दू हैरिटेज मंथ 2022

गत वर्ष की भांति इस वर्ष भी विश्व भर के तमाम देशों में हिन्दू हैरिटेज मंथ (हिन्दू सांस्कृतिक माह) का आयोजन करने की पूरी तैयारी चल रही है। इससे पहले अपने प्रथम संस्करण का आयोजन यह संगठन अक्टूबर 2021 में विश्व भर में कर चुका है। आपसी बंधुत्व व एकता को बढ़ाने का संदेश देने के लिए यह आयोजन हर वर्ष अक्टूबर माह में आयोजित करने का तय किया गया था। हिन्दू हैरिटेज मंथ नामक यह कार्यक्रम विश्व भर में सभी देशों में हिन्दू समाज के लोगों द्वारा किया जाता है। इस प्रकार के आयोजन में वैश्विक स्तर पर कोई भी संगठन या व्यक्ति हिन्दू संस्कृति के धार्मिक मूल्यों के प्रचार एवं प्रसारित करने के लिए जुड़ सकता है। इस प्रकार के कार्यक्रमों द्वारा समान सांस्कृतिक मूल्यों को विदेश में रह रहे हिन्दू समाज के सभी पंथों के बीच साझा किया जाता रहा है। इसका उद्देश्य वर्तमान भारतवंशी पीढ़ी को अपनी वैभवशाली भारतीय विरासत से परिचित करवाना और उसके प्रति जागरूकता फैलाना है। इसके साथ ही यह संगठन हाल के वर्षों में समाज में जन्म लेते सभी प्रकार के विषयों पर चिंतन करने का एक मंच प्रदान करती है।

पहला हिन्दू हैरिटेज मंथ अक्टूबर 2021

एक अभूतपूर्व प्रथम संस्करण के आयोजन के बाद इस संगठन ने इसे प्रत्येक वर्ष आयोजित करने का फैसला लिया था। 2021 में विश्व भर में हुए कार्यक्रमों में कुल 110 हिन्दू समाज के संगठनों ने हिस्सा लिया। इसमें से अधिकांश कार्यक्रम अमेरिका के राज्यों में आयोजित हुए थे। इसके अलावा कुछ कार्यक्रम कनाडा,यूनाइटेड किंगडम, दक्षिण अफ्रीका और थाईलैंड जैसे देशों में भी सफलतापूर्वक संपन्न हुए थे। इस दौरान इन सभी 110 संगठनों ने विभिन्न देशों में 100 से भी अधिक कार्यक्रमों का आयोजन किया था। यह कार्यक्रम संख्याबल के आधार पर इतने भव्य हुए थे कि 50 प्रतिशत से अधिक अमेरिकी स्टेट गवर्मेंट द्वारा इन आयोजनों की सार्वजनिक घोषणाएं भी हुई थी।

विदेश में रहते हुए भारतवंशियों को एकसूत्र में पिरोने के इस कार्यक्रम को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के द्वारा भी शुभकामना संदेश प्राप्त हुए।

हिन्दू हैरिटेज मंथ से जुडने के लिए यहाँ क्लिक करें

प्रमुख शहरों के गवर्नरों की राय

अमेरिका,यूरोप सहित अन्य विभिन्न देशों में हुए कार्यक्रमों में वहां के स्थानीय निर्वाचित सदस्यों की उपस्थिति भी रही थी। जॉर्जिया के गवर्नर ब्रायन कैम्प ने ऐसे ही एक आयोजन में हिस्सा लेते हुए कहा कि “हिन्दू संस्कृति और उससे जुड़ी विरासत एवं मूल्यों से उसके अनुयायियों को उनके जीवन से जुड़ी तमाम सवालों के जवाब दूँढने में मदद करती है। इस देश की प्रगति में हिन्दू अमेरिकी समुदाय का योगदान यहाँ के नागरिक के तौर पर अभूतपूर्व रहा है।”

टेक्सस स्टेट के गवर्नर टोनी एवर्स कहते है कि ” दुनियाभर में रहते हिन्दू धर्म के अनुयायियों का जीवन अनुकरणीय है। हिंदूवादी मूल्यों ने अपने गौरवशाली इतिहास व विरासत के जरिये अमेरिका में अपना अद्भुत योगदान दिया है।”

मिशिगन के गवर्नर ग्रेचेन व्हाइटमेर बताते है कि “हिन्दू संस्कृति का अनुकरण सभी धार्मिक समुदायों के बीच एकता लाने का काम करते है।”

लक्ष्य 2022

अपने पहले संस्करण से ज्यादा बड़ा और भव्य कार्यक्रम वैश्विक स्तर पर इस साल आयोजन करना विश्व हिंदू परिषद के लिए प्रमुख चुनौती होगी। अमेरिका,यूनाइटेड किंगडम,थाईलैंड,दक्षिण अफ्रीका, कनाडा जैसे देशों में सफलतापूर्वक कार्यक्रम करवाने के बाद अब संगठन की नजर अपने विस्तार पर होगी। इंग्लैंड के अन्य बड़े शहरों के साथ-साथ ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड,मॉरीशस,फिजी और कैरेबियाई देशों के अलावा अन्य सभी प्रमुख हिन्दू आबादी वाले देशों में इस वर्ष कार्यक्रम करने की तैयारी की जा रही है। यह संगठन आने वाले वर्षों में भारत को भी इस मुहिम में अपने साथ शामिल करने की योजना बना रहा है। इसी के साथ इस वर्ष होने वाले कार्यक्रमों में हिन्दू धर्म से जुड़ाव रखने वाले बुद्ध,जैन और सिख परंपरा के समुदायों को भी इस मुहिम के साथ जोड़ने की योजना बताई जा रही है। इसके अलावा महर्षि इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी और एक समान विचार रखने वाले ऐसे सभी पश्चिमी संगठनों को भी इस आयोजन के साथ जोड़ा जा रहा है।

इस प्रकार के कार्यक्रम के जरिये हिन्दू हैरिटेज मंथ को आने वाले वर्षों में अमेरिका के सभी 50 राज्यों तक पहुँचना और 5 वर्षों के भीतर अमरीकी राष्ट्रपति भवन ‘व्हाइट हाउस’ से कार्यक्रम से जुड़ी घोषणा करवाने को निर्धारित लक्ष्य माना गया है।

इसके आयोजनकर्ताओं का मानना है कि इस प्रकार के कार्यक्रम आने वाले समय में तीसरी पीढ़ी के हिन्दू अमेरिकियों के मन में सेवाभाव और अपनी सांस्कृतिक मूल्यों को पोषित करने के उद्देश्य में जरूर सफलता हासिल कर पाएंगे।

इस साल का थीम आयोजकों ने “वर्तमान दुनिया में हिन्दू मूल्यों की महत्ता” तय की है। जहां सेवा,अहिंसा,परिवार बोध, ज्ञान परंपरा की जरूरत और बहुलवाद जैसे पांच मूल्यों पर विशेष ध्यान रखा जाने वाला है। यह कार्यक्रम इस वर्ष अक्टूबर 2022 में आयोजित किया जाना है।

https://hindumonth.org

Leave a Reply

Your email address will not be published.

You may use these HTML tags and attributes: <a href="" title=""> <abbr title=""> <acronym title=""> <b> <blockquote cite=""> <cite> <code> <del datetime=""> <em> <i> <q cite=""> <s> <strike> <strong>

*